कसीनो 'द ग्रैंड इंपीरियल' के भीतर का माहौल किसी सुलगते हुए ज्वालामुखी जैसा था। चारों तरफ देश-विदेश से आए जुआरियों का शोर था। कहीं पासा पलटने पर जश्न की चीखें गूंज रही थीं, तो कहीं सब कुछ हार जाने की जानलेवा खामोशी थी। पोकर टेबल्स और रूले व्हील के इर्द-गिर्द बैठे लोगों की सांसें थमी हुई थीं। यहाँ का एक ही सीधा नियम था—जो जीता वही सिकंदर, बाकी सब रूबी के गुलाम। हारने वाले अपनी खाली जेबें लेकर उस अंधेरे कोने में सिमट जाते थे जहाँ सिर्फ पछतावा था। तभी, कसीनो की मखमली लाल रोशनियां अचानक टिमटिमाईं और एक पल के लिए पूरा हॉल मानों ठहर गया। ठीक उसी वक्त, बैकग्राउंड म्यूजिक के साथ बादलों की गड़गड़ाहट और बिजली कड़कने की कृत्रिम आवाज लाउडस्पीकरों से गूंज उठी। यह इस बात का संकेत था कि रात का सबसे खास पल आ चुका है। सबकी नजरें कसीनो के बीचों-बीच बने उस आलीशान ग्लास स्टेज पर टिक गईं। धुएं के गुबार को चीरती हुई 'कसीनो क्वीन' ने कदम रखा। उसने केवल एक चमकीला डिजाइनर ब्रा और थ्रोंग पहना हुआ था, जो कसीनो की सतरंगी लाइटों में हीरों की तरह चमक रहा था। उसका आत्मविश्वास और बेबाक अंदाज वहाँ मौजूद हर शख्स को सम्मोहित करने के लिए काफी था। उसे देखने के लिए हर रात यहाँ जुआरियों का एक ऐसा सैलाब उमड़ता था, जो अपनी करोड़ों की बाजी भूलकर बस उसकी एक झलक पाने को बेताब रहता था। कसीनो का शोर अब धीमा पड़ चुका था, और सबकी निगाहें सिर्फ उस हुस्न और रसूख के जादू पर टिकी थीं, जो उस पूरी महफिल को अपने इशारों पर नचा रहा था।
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Chapter 1
रूबी डार्लिंग का ब्रा और थ्रोंग में एंट्री -
Chapter 2
रूबी डार्लिंग के चूतड़ों को मसल दिया -
Chapter 3
रूबी डार्लिंग के दूध को पी लिया -
Chapter 4
रूबी डार्लिंग के संग- मरे हुए माता पिता की याद -
Chapter 5
रूबी डार्लिंग- गंगा जी ने नग्न स्नान -
Chapter 6
रूबी डार्लिंग - नेता ने पिया योनि का सारा रस -
Chapter 7
रूबी डार्लिंग - नेता के लिंग को चूसा -
Chapter 8
रूबी डार्लिंग - नेता के लिंग का सारा बीज पी लिया -
Chapter 9
रूबी डार्लिंग घाट पर नंगी -
Chapter 10
रूबी डार्लिंग - के योनि में केवट के लिंग का प्रवेश -
Chapter 11
रूबी डार्लिंग - की स्टेज पर जुआरी ने मार ली गाड़