kya tum testy ho fairy - Chapter 3
आशी जो इस डेकोरेशन में कहीं कोई हुई थी उसके चेहरे की मुस्कान पर घर में कहीं गायब हो गए जब उसे तक्षक का गुस्सा याद आया और वह डरते हुए बोली मुझे मुझे नहीं पता वह कहां गए बस कहीं चले गए
आशी के इस जवाब पर महिमा जी के परेशानी और ज्यादा बढ़ गई
वहीं सिया को आशी के लिए बहुत बुरा लग रहा था वह आगे आई और आशि का हाथ पकड़ते हुए कहा
" कोई बात नहीं भाभी आप ही ग्रैंड एंट्री ले लो, आप सच में ऐसी लग रही है जैसे कोई परी आ गई हो यहां
और यह डेकोरेशन स्पेशली आपके लिए की गई थी मेरे उस खड़ूस भाई के लिए नहीं
वह नहीं आया तो कोई बात नहीं हम आपका ही वेलकम कर लेंगे
सिया की बात सुनकर आशी के चेहरे की मुस्कान वापस लौट आई और वह फिर से एक्साइटमेंट में बोली
सच्ची तुम लोगों ने मेरे लिए यह सब कुछ प्लान किया है
सिया ने कहा और नहीं तो क्या आप हमारे घर की न्यू मेंबर होना इसलिए आपका यह ग्रैंड वेलकम कर रहे हैं हम
आशी ने पढ़ते झुकते हुए कहा मुझे भी अपनी शादी के बाद ऐसा ही ग्रैंड वेलकम चाहिए था और फिर अचानक की मायूस होते हुए बोली पर अपने पति के साथ ऐसे अकेले अकेले नहीं पर कोई बात नहीं मेरे पति तो बड़े गंदे हैं मैं आपके साथ ही एंट्री कर लेती हूं भाभी और नंद की जोड़ी भी कुछ काम नहीं होतीहै
आशी की बात पर सिया और भी ज्यादा खुश हो गई कि उसकी भाभी बाकियों के जैसी खडूस नहीं है बहुत ही प्यारी और चुलबुली है
कुछ देर बाद आशी घर के अंदर आ चुकी थी नई नवेली दुल्हन वाले कोई रिवाज नहीं किए गए थे क्योंकि बिना पति के तो ये पॉसिबल नहीं थे..
महिमा जी की आंखो मै नमी छाई थी उन्हें नहीं पता था उनका बेटा इस मासूम लड़की का दिल भी इस तरीके से तोड़ देगा वो भी शादी की पहली ही रात वो कितने सपने सजा कर आई होगी इस घर में ओर उनका नालायक बेटा उसे ऐसे ही बीच रास्ते में छोड़ गया
वही घर के अंदर जाते ही आशी को सब अच्छे लग रहे थे सब लोग बहुत अच्छे थे
वही एक लड़की जो सिया की मम्मी यानि कि तक्षक की बुआ के साथ आई थी वो तक्षक को बहुत पसंद करती थी वो आशी पर टोंट मारते हुए बोली
" जो शादी की पहली ही रात एक गाड़ी मै तुम्हे 8पूरे रास्ते साथ नहीं दे पाया तुम उससे पूरी जिंदगी साथ देने के सपने सजा रही हो"
सिया ने उसे जैसे ही गुस्से में घूरा वो अपनी बात को घुमाते हुए बोली
" अरे मेरा मतलब है कि तक्षक ने कितना बुरा व्यवहार किया ना बेचारी के साथ कोई ऐसा करता है भला शादी की पहली रात तो प्यार करने की रात होती है और वो जनाब गायब है"
वही तक्षक ड्रिंक पर ड्रिंक किए जा रहा था जो उसके दोस्त को बिल्कुल अच्छा नहीं लग रहा था
" यार तू उस छोटी सी बच्ची जैसी दिखने वाली लड़की से डर कर क्लब आ गया शर्म नहीं आई तुझे "
हरमन जान बूझ कर तक्षक के इगो को छेड़ रहा था क्या पता तक्षक घर चला जाए
ओर उसका असर हो भी रहा था तक्षक गुस्से में गरजते हुए बोला
" नहीं डरता मै उस crying fairy से पिद्दी सी तो है वो मेरा क्या ही बिगाड़ लेगी अपने मोटे मोटे आंसुओ से "
हरमन ने उसे ओर चिढ़ाते हुए कहा " तो फिर क्यों आ गया डर के यहां जा उसके पास "
" हा अभी जाता हूं मेरे सामने कैसे रो सकती है वो "
हरमन खुश हो गया और उठते हुए बोला
" चल मै छोड़ कर आता हु तुझे "
कुछ देर बाद हरमन की कार रायजादा हाउस के सामने आकर रुकी अब तक सब लोग बेमन से ही सही पर सो चुके थे क्योंकि बिना दूल्हे के कोई celebration तो बिलकुल नहीं हो सकता था
हरमन तक्षक के साथ अंदर आया और उसे मैन डोर पर छोड़ कर ही भागते हुए वहा से चला गया
क्योंकि उसे महिमा जी या कर्मवीर जी की कोई डाट नहीं सुननी थी और आज तो बुआ जी भी आई हुई थी जिनसे उसका छत्तीस का आंकड़ा रहता है
तक्षक खुद मै बड़ बड़ा ते हुए सीढ़ियों से अपने रूम की तरफ बढ़ गया
उसने रूम का दरवाजा खोला और उसने जैसे ही नजरे उठा के देखी तो उसके लंबे चौड़े बेड पर उसकी प्यारी सी बीवी लेटी हुई थी पर उसकी आंखे खुली हुई थी और एक टक तक्षक को ही घूर रही थी
" क्या मेरा पति बेवड़ा भी है?"
आशी ने खुद से कहा ओर फिर उसकी नज़रे तक्षक पर ओर भी ज्यादा गहरी हो गई वहीं तक्षक के होठों पर एक तिरछी मुस्कान तैर गई
" Hello fairy तुम इतनी जल्दी कैसे सो गई आज तो हमारी वेडिंग नाइट है"
आशी ने अपने मन में कहा " ओह अच्छा तो इन्हें याद आ गया आज हमारी वेडिंग नाइट है"
तक्षक लड़खड़ाते कदमों से उसके पास आया और एकदम से किसी शिकारी की तरह उस पर झपट पड़ा
जिससे आशी की आंखे घबराहट के मारे फैल गई
" कितने भारी हो आप हटो यहां से मुझे सांस भी नहीं आ रही है हटो"
तक्षक की नजर आशी की हिलते गुलाबी होठों पर टिकी थी जो बिल्कुल गुलाब की पंखुड़ी जैसे लग रहे थे और साथ में बहुत ही मुलायम
तक्षक ने अपने होठों पर जीभ फेर कर धीरे से कहा
" क्या तुम टेस्टी हो फेरी "
आशी तो उसकी बातों को बिल्कुल समझ नहीं पा रही थी और अपने दिमाग के घोड़े दौड़ा रही थी शायद उसे कुछ समझ आ जाए
to be continued thank you so much for reading this novel