Vampire king's forced bride - Chapter 2
सारा के पिता महाराज वचन, जो आज तक उससे मिलने के लिए नहीं आए थे, वह अचानक आज सारा से मिलने उसके साधारण से घर में पहुंचे। हालांकि सारा उनकी ही बेटी थी, लेकिन आज वो पहली बार पिता से आमने-सामने मिल रही थी। जल्द ही सारा को उनके वहां आने का कारण पता चल गया था। वचन ने सारा की शादी तमोवर के किंग के साथ तय कर दी थी और उसके इस जन्मदिन पर उसकी शादी होने वाली थी।
सारा ने किताबों के जरिए आसपास के साम्राज्य और उनके राजाओं के बारे में काफी कुछ पढ़ा था। तमोवर वैंपायर सिटी था। जैसे ही उसे पता चला कि उसकी शादी एक वैंपायर से होने वाली है, सारा अपने घुटनों के बल बैठकर रोने लगी थी।
उसकी दोस्त हिना को उसके रोने का कारण नहीं समझ आया, वह सारा को शांत करवाते हुए बोली, “मैं जानती हूं कि अभी तुम बहुत छोटी हो, शादी की सही उम्र भी नहीं है, पर तुम्हारी शादी एक राजा के साथ होने वाली है, वह तुम्हें प्यार से रखेगा, तुम इन घुटन भरी दीवारों से बाहर निकल पाओगी, हमेशा से तुम्हारा सपना था कि तुम खुद ही हवा में सांस लो। सारा तुम्हारा सपना पूरा होने वाला है, फिर तुम रो क्यों रही हो।”
सारा ने भीगी पलकों से हिना की तरफ देखा और ना में सिर हिला कर कहा, “क्योंकि मैं मरना नहीं चाहती हूं हिना।”
हिना हैरानी से सारा की तरफ देखने लगी, उसे कुछ समझ नहीं आया। उसने सारा को समझाते हुए कहा, “सारा हर राजा क्रूर नहीं होता है। तुम्हें यह क्यों लगता है कि वह तुम्हारे साथ मारपीट करेगा?”
“मेरे साथ मारपीट नहीं करेगा बल्कि जान से मार देगा। तमोवर में रात के राजा रहते हैं, रात के राजा किसे कहते हैं पता है ना... वैंपायर। तमोवर के लोग आम प्राणी नहीं है, वह वैंपायर हैं।” सारा ने सुबकते हुए हिना को बताया।
हिना को अपने कानों पर यकीन नहीं हुआ। सच में उसका बाप बहुत निर्दई और घटिया था। आज पहली बार अपनी बेटी से मिलने आया, तो भी एक सौदे के लिए, वह भी कोई आम सौदा नहीं। हमेशा से पृथ्वनिक और आसपास के क्षेत्रों पर वैंपायर का खतरा मंडराता रहता था, तो उन्होंने इस तरह उसे खतरे से निपटने का रास्ता निकाला था।
“सब ठीक हो जाएगा सारा, वह तुम्हें नहीं मारेगा, तुम उसकी क्वीन बनने वाली हो।” इतनी मुश्किल परिस्थिति में भी हिना सारा को तसल्ली देने की कोशिश कर रही थी।
सारा की मां उसे बचपन में ही इस दुनिया को छोड़कर चली गई थी, वहां रहने वाली सहेलियों और उसकी मां की सहेलियों ने उसे बड़ा किया। उसे कभी एक राजकुमारी के हक नहीं मिले थे फिर भी सारा को तसल्ली थी, पर आज उसके सारे सपने एक पल भर में टूट कर रह गए थे।
सारा अपनी जिंदगी के बारे में सोच रही थी, पहले ही उसे राजकुमारी वाली जिंदगी ना मिली हो, लेकिन वह एक ऐसी लड़की थी जिसने अपनी जिंदगी को लेकर बहुत सपने देखे थे। हर एक कला और चीज को चाव से सीखा। वचन ने एक झटके में सारा के सारे सपनों को चूर-चूर कर दिया था, अब तो सारा को अपने सामने सिर्फ मौत दिखाई दे रही थी।
सारा ने गहरी सांस ली और फिर हिना की तरफ देखा, वह जल्दी से बोली, “मुझे मरना नहीं है हिना, प्लीज मुझे यहां से बाहर निकाल दो, मुझे यहां से भगा दो, फिर कोई शादी नहीं होगी।”
हिना इस बात का कोई जवाब देती, उससे पहले दो सैनिक वहां पहुंच चुके थे।
इनमें से एक सैनिक तेज आवाज में बोला, “राजकुमारी, शादी हो जाने तक हम यहां आपकी सुरक्षा में तैनात हैं।”
आज से पहले उसे किसी तरह की सुरक्षा नहीं दी गई थी, मतलब साफ था कि राजा जानता था कि सारा इस शादी से इनकार कर देगी या भाग जाएगी, इसलिए उसने पहले ही वहां कड़ा पहरा लगा दिया था, अब सारा के पास बचने का कोई तरीका नहीं था।
वहां कुछ दासियां भी पहुंच चुकी थी, उनमें से एक बोली, “राजकुमारी, आपको इस तरह जमीन पर नहीं बैठना चाहिए, अपने कमरे में जाकर आराम कीजिए, राजकुमारियों का सबके सामने खुलेआम रोना ठीक नहीं है।”
सारा हैरानी से उसकी तरफ देखने लगी, वह पहले भी उससे मिली थी और आज तक उसने उसे राजकुमारी कहकर नहीं बुलाया था, अचानक से ही सब उसे इज्जत देने लगे थे। हिना ने सारा को उठाया और उसके कमरे में लेकर चली गई थी, सारा के भागने के सारे रास्ते बंद हो गए थे, वह कमरे में काफी देर तक रोती रही और इसी तरह उसे नींद आ गई थी, सारा के जुबान पर बस एक ही नाम था कि वह मरना नहीं चाहती है।
सारा के सो जाने के बाद हिना उसके कमरे के बाहर आई, तो कुछ नौकरानियां आपस में बात कर रही थीं।
“वह आदमी सच में निर्दयी है, मुझे नहीं लगा था कि इतनी जल्दी शादी हो जाएगी।”
“हां वह किसी और को भी चुन सकता था, लेकिन उसने जानबूझकर सारा को चुना क्योंकि वह सबसे ज्यादा खूबसूरत है, बेचारी की खूबसूरती उसके लिए अभिशाप बनकर रह गई।”
उनकी बातें सुनकर हिना उनके पास जाकर बोली, “मुझे तो पहले से ही शक था कि उसका वह घटिया बाप उससे मिलने के लिए क्यों आ रहा है, मैं कुछ भी कहकर सारा का दिल नहीं दुखाना चाहती थी।”
“गलती तुम्हारी भी है ना, तुम्हें उसे वह सब किताबें नहीं लाकर देनी चाहिए थी।” एक नौकरानी बोली।
“मैं बस उसका दिल बहलाने चाहती थी, उसे किताबें पढ़ना पसंद है तो मुझे लगा कि वैंपायर और जादुई प्राणी उसे रोमांचित कर देंगे, बस यही सोचकर मैंने ऐसा किया पर मुझे कहां पता था कि एक दिन वह अपने होने वाले पति से ही डर जाएगी।” हिना ने सफाई दी।
उन लोगों की आपसी बातचीत के बाद हिना सोने जा चुकी थी, अगली सुबह सारा की नींद टूटी, वह अभी भी उसे कल मिले झटके के बारे में भूली नहीं थी।
सारा मायूस होकर अपने बिस्तर पर लेटी हुई थी, तभी बाहर से किसी ने दरवाजा खटखटाया। सारा ने जानबूझकर उठकर दरवाजा नहीं खोला था।
उसके दरवाजा न खोलने पर बाहर से तेज आवाज आई, “राजकुमारी बाहर आइए। आपको सिखाने के लिए गवर्नेंस आ चुकी है, आपका इंतजार कर रही है।”
सारा ने उनकी बातों को पूरी तरह अनदेखा कर दिया था, उसकी कोई दिलचस्पी नहीं थी कि वह किसी तरह की ट्रेनिंग ले, आज तक तो उसकी किसी ट्रेनिंग और पढ़ाई के बारे में नहीं सोचा गया था, आज जब उसे बलि का बकरा बनाया जा रहा था तो अचानक उन्हें उनकी ट्रेनिंग की फिक्र सताने लगी।
सारा करवट लेकर दूसाराी तरफ सो गई थी, लेकिन तभी अचानक वापस से फिर से एक तेज आवाज आई, “अगर आपने दरवाजा नहीं खोला तो हम महाराज को जाकर बता देंगे।”
अब तक सारा उनकी बातों को अनसुना कर रही थी, लेकिन राजा के धमकी देने पर वह जल्दी से उठकर खड़ी हुई और बाहर निकली। वह लोग सारा को राजकुमारी जरूर बुला रहे थे, लेकिन उनकी आंखों में सारा के लिए कोई इज्जत नहीं थी, मजबूरी में सारा तैयार हुई और मुख्य महल में पहुंची, वहां एक बुजुर्ग महिला उसका इंतजार कर रही थी।
सारा के आते ही वह उसे घूर कर देखने लगी, उसने सिर हिला कर कहा, “तो तुम हो वह, जो तमोवर की रानी बनने वाली है।”
वह सारा को देखने लगी, उसका नाजुक शरीर और खूबसूरत त्वचा भले ही किसी वैम्पायर को अपनी तरफ आकर्षित कर दे, लेकिन वह उस भयानक जीव के सामने एक रात भी नहीं टिक सकती थी, ऊपर से उसकी शादी किसी आम वैम्पायर से नहीं बल्कि वैम्पायर किंग से होने वाली थी।
“क्या तुम उनके बारे में कुछ जानती हो?” उस महिला ने पूछा।
सारा ने बिना कुछ कहे ना में सिर हिला दिया था, उसे नहीं पता था कि सच में वैम्पायर किंग की पत्नी बनने के बाद उसे क्या करना था। वह एक आम शादी नहीं थी जहां अक्सर पति-पत्नी के बीच प्यार भरे रिश्ते बनते हो और दोनों एक दूसराे को खुश रखने की कोशिश करते हो।
वो उसे वैम्पायर्स के बारे में बताने लगी, "रात के जीव वैसे नहीं होते, जैसे ज्यादातर बातों और किताबों में बताया गया है। वे दिन में भी बाहर घूम सकते हैं, लेकिन वे ठंडी जगहों में रहना पसंद करते हैं जहाँ सूरज ज़्यादा तेज़ न हो। वे हमारे जैसे ही खा सकते हैं, खेल सकते हैं, नाच सकते हैं, दौड़ सकते हैं — लेकिन इसके साथ-साथ उन्हें खून भी चाहिए होता है। कई वैंपायर बोतलों में खून रखते हैं, जिन्हें सप्लीमेंट्स के साथ मिलाया जाता है ताकि वह सुरक्षित रहे। लेकिन ज़्यादातर शाही वैंपायर सीधे अपने शिकार से खून पीते हैं, और उनके लिए सबसे स्वादिष्ट व्यक्ति होती है — उनकी पत्नी!"
उनकी आखिरी कुछ बातें सुनकर सारा की रूह काँप गई। इसका मतलब था कि वह सिर्फ उसके लिए एक चलती-फिरती खून की बोतल थी, जो अपने पति की प्यास बुझाने वाली थी।
अब तक हिना की बातों ने उसे कुछ तसल्ली दे रखी थी कि उसका पति उसे प्यार से रखेगा। वह रानी बनेगी तो वह उसकी जान नहीं लेगा लेकिन उस बूढी महिला की बातों ने इस बात को साबित कर दिया था कि उसका काम क्या होने वाला है। वैंपायर को सबसे ज्यादा अपनी पत्नी का खून पीना पसंद था तो जरूर शादी की रात ही वह उसके साथ प्यार करने के बजाय उसका खून पीकर उसकी जान ले लेगा।
°°°°°°°°°°°°°°°°
Please comment and review after reading. Follow me for more updates.